3:28 pm Tuesday , 21 July 2026
BREAKING NEWS

हादसे ने छीने रेखा के सपने, गांव में सन्नाटा छलक रहीं आंखें…गूंज रहीं सिसकियां

*हादसे ने छीने रेखा के सपने, गांव में सन्नाटा छलक रहीं आंखें…गूंज रहीं सिसकियां*।**********************

उझानी की मेंथा फैक्ट्री में अग्नि कांड।

सूनी पड़ी बिचौला जामुनी गांव की सड़क।

बदांयू 27 मई।

कुंडा नरसिंहपुर गांव की मेंथा फैक्ट्री में जलकर मौत की आगोश में समाऐ मुनेन्द्र का 6 दिन बाद भी शव ना मिलने से मुजरिया थाना क्षेत्र के गांव बिचौला जामुनी में सन्नाटा पसरा हुआ है।
सिर्फ महिलाओं की चीख-पुकार सुनाई दे रही है। रिश्तेदारों और बाहरी लोगों का आना-जाना लगा हुआ है। वहीं ग्रामीणों के कुछ घरों में आज भी चूल्हे नहीं जले।
सभी के चेहरे पर प्रसाशन के खिलाफ गुस्सा व गम साफ झलक रहा है। बिचौला गांव में बुधवार की रात फैक्ट्री में आग लगने की सूचना मिलते ही मुनेन्द्र की पत्नी रेखा बदहवास हो गई।
सुबह मालूम पड़ने पर कि गजेन्द्र व पुष्पेन्द्र तो आग से निकल आऐ मगर मुनेन्द्र नहीं निकल सका। बेटे की याद में मां की आंखों से आंसू गिरने लगते थे।

ढांढ़स बंधाने पहुंचीं गांव की महिलाएं उन्हें समझाने की कोशिश कर रही थीं। कुछ दूरी पर बैठी पत्नी रेखा की आंखें नम थीं। पिता सभी को समझाते हुए खुद फफक पड़े।
घर की चौखट पर बैठी मुनेन्द्र की बेटी आशी व लवी भी पापा की याद कर सिसक रही थीं। भाई गजेन्द्र व पुष्पेन्द्र और पिता अपने आंसू छिपा रहे थे।
घर पहुंचे रिश्तेदारों से बात कर रहे थे। हादसे की जानकारी देते समय आखों से आंसू पोछ रहे थे।———

आखिर प्रसाशन शव की तलाश कराने में क्यों कर रहा लेट लतीफी।

कल बिचौला के ग्रामीणों ने परिजनों संग डीएम कार्यालय पर धरना दिया। मुनेन्द्र की पत्नी रेखा बोली उसे पति चाहिए, एडीएम ने वहां समझा दिया कि आप लोग फैक्ट्री पहुंचे हम मुनेन्द्र की मलवे से तलाश कराते हैं लेकिन ऐसा ना हुआ एसडीएम मोहित कुमार,सीओ सिटी रजनीश उपाध्यक्ष व सीओ उझानी डाॅ देवेन्द्र कुमार दोपहर में फैक्ट्री आऐ। कर्मचारियों से जानकारी जुटाई मलवा हटाने में आ रही परेशानी जानी। व आज की कहकर फिर मुनेन्द्र की तलाश टाल दी गई।

आज बताते हैं कि गाजियाबाद से बडी क्रेन, कटर के साथ एक्सपर्ट की टीम आ रही है। फिर मलवे को हटाकर मुनेन्द्र को तलाश किया जाऐगा। आज का दिन भी कुछ नहीं हो पाऐगा।

आखिर क्यों ?
प्रसाशन मुनेन्द्र के शव को तलाशने में देरी कर रहा है, क्या कोई खास वजह ?

6 दिन बीतने के बाद भी प्रसाशन पर परिजनों के धरना-प्रदर्शन का कोई असर नहीं हुआ,कल कलेक्ट्रेट से धरना हटाने को आश्वासन की घुट्टी पिलाई,फैक्ट्री भेजा यहां लाकर बडी क्रेन जेसीबी मंगाकर मुनेन्द्र की तलाश शुरू कराने को आज का समय दिया। अब गाज़ियाबाद से एक्सपर्ट की टीम आने की कह दी, शाम तक टीम आऐगी आज का दिन भी बैकार जाएगा।

मुनेन्द्र की पत्नी रेखा,पिता, बेटी व भाइयों को आखिर मुनेन्द्र की जिंदा अथवा शव मिलने को कितने दिन ओर आंसू बहाने पड़ेंगे इसका प्रसाशन पर कोई जबाब है ?।

संपादक सुशील धींगडा।

विज्ञापन एक्सप्रेस