Gunjan Agrawal यह सच है कि जिंदगी मिलती जरूर है, लेकिन "अधूरेपन" की चादर में सिमटी हुई.. "अधूरापन" उन तमाम ख्वाहिशों का जो, हरेक व्यक्ति के भीतर जीवन भर सिसकियां लेता है ..!!! गुंजन शिशिर