Pushpa Pathak कालरात्रि रूप है भय का नाश करती, भक्तों की हर विपदा ये पल में हरती। काला वेश, खुले केश, रूप है विकराल, सच्चे मन से जो पुकारे, करती हैं निहाल। 🙏🙏जय माता दी 🙏 🙏