Naina Mehta सर्दियों की हवा में कुछ अनकही बातें घुली रहती हैं। धूप थोड़ी देर से आती है, मगर जब आती है तो सब कुछ नरम-सा कर देती है। इन दिनों में खामोशी भी जैसे एक कंबल ओढ़ लेती है। शुभ प्रभात। शुभ शनिवार। #सुप्रभात_वंदन