Laxmi Singh “तुम उसे रूलाओगे, फिर भी वो तुम्हारे लिए व्रत रखेगी, क्योंकि वो आँसुओं को पीना जानती है… हाँ, स्त्री प्रेम का सागर होती है। ☺️❤️”